समर कैंप में बच्चों ने ट्रिकी मैथ्स और कैलीग्राफी की सीखी तकनीक
कुरूद. वैदिक गणित का मापदंड क्या है , इसे किस तरह उपयोग में लाया जाता है। अपनी तर्कशीलता से किस तरह हम इसे उपयोगी बना सकते है।इन्ही बारीकियों से अवगत होते हुए नन्हें-मुन्हें बच्चों ने कलीराम चंद्राकर पब्लिक स्कूल कुरूद में जारी समर कैंप के तीसरे दिन इसे रोचक बनाया।रविवार को छुट्टी का दिन होने के बावजूद बच्चों में वही उत्साह और जोश नजर आया। इसका पता उनके समय से पूर्व पहुंचने से नजर आया । गर्मी की भीषणता सीखने-सिखाने की इस प्रक्रिया में शून्य बनी रही। ज्ञानदायनी मां सरस्वती की पूजा-आराधना के साथ तीसरे दिन की कार्यशाला का आगाज किया गया।सर्वप्रथम नृत्य शिक्षिका के मार्गदर्शन में बच्चों ने हाथ-पैर की मुद्राओं और कलात्मक स्टेप की बारीकियां सीखी। तदउपरांत कैलीग्राफी तकनीक द्वारा अपने लेखन को बेहतर बनाने का विशेष प्रशिक्षण दिया गया। करसीव राइटिंग और मात्रा लेखन की शुद्धता इस माध्यम के द्वारा बच्चों को सिखाया गया।इसके उपरांत वैदिक गणित के माध्यम से बच्चों को ट्रिकी मैथ्स की बारकियां प्रस्तुत की गई। अंकों का सुंदर उपयोग कर इसके सैद्धांतिक रूप का क्रमवार विश्लेषण कैसे करना है , कैसे जोड़ना है और किस तरह इसे उपयोग में लाना है। इसका विशेष प्रशिक्षण दिया गया।अंतिम चरण में गुजरे दौर की पारंपरिक संगीत कला से रूबरू कराते हुए सारेगामा का मूलरूप कैसे सीखा जाए इसे बच्चों को बताया गया।कैंप के तीसरे दिन विद्यालय के प्रबंधक विश्वनाथ चंद्राकर, उपप्रबंधक योगेश चंद्राकर ने प्राचार्य के मंजीता ठाकुर और उनकी टीम द्वारा किए जा रहे इस रचनात्मक प्रयास की तरफ की और इसे अब तक का शानदार आयोजन बताया।
